फ़िज़िक्स की खोज किसने और कब की थी। Who Discovered Physics In Hindi

फ़िज़िक्स की खोज किसने की? यह एक ऐसा प्रश्न है जिसके उत्तर के लिए हमें मनुष्यों के इतिहास को ही खंघालना होगा। फ़िज़िक्स का विषय उतना की प्राचीन है जितना की मानव सभ्यता। हमारे द्वारा जाने और प्रमाणित किए गए प्रकृति के सारे रहस्यों और घटनाओं का अध्ययन ही फ़िज़िक्स या भौतिक विज्ञान है।

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फ़िज़िक्स या भौतिक विज्ञान की खोज किसी एक आदमी ने नहीं की बल्कि इसकी खोज में हजारों लोगों का योगदान है जिन्होने Nature में होने वाली घटनाओं के पीछे के विज्ञान को समझने की कोशिश की। फ़िज़िक्स उन महान वैज्ञानिकों की देन है जिन्होने अपने प्रयोगों और अनुमानों के जरिये प्रकृति के नियमों और उनके बीच सम्बन्धों को खोज निकाला। लेकिन ऐसा करने वाले दुनिया के महान वैज्ञानिक कौन हैं? आइए जानते हैं कि फ़िज़िक्स की खोज किसने की, इस प्रश्न का उत्तर देने के लिए किन महान वैज्ञानिकों का नाम लिया जा सकता है?

फ़िज़िक्स विषय में जिन लोगों ने महत्वपूर्ण योगदान दिया है उन्हे तीन कालों/समय में बांटा जा सकता है:

  1. प्राचीन काल (20 वीं शताब्दी ईसा पूर्व – चौथी शताब्दी )
  2. मध्य काल (5 वीं शताब्दी – 16 वीं शताब्दी)
  3. आधुनिक काल (17 वीं शताब्दी – अब तक)
  • प्राचीन काल के फ़िज़िक्स के वैज्ञानिक –

20 वीं -16 वीं शताब्दी ईसा पूर्व के आसपास, प्राचीन बेबीलोनियन लोगों के पास स्थिर तारों और अस्थिर ग्रहों के बीच भेद का ज्ञान था। उनके द्वारा इस्तेमाल किए गए Tablets से हमें यह भी पता चलता है कि ग्रहों की नियमित और आवधिक (Periodic) गति के बारे में भी उन्हें जानकारी थी।

लगभग 18वीं से 15वीं शताब्दी ईसा पूर्व प्राचीन भारत का हिंदुओं का ग्रंथ ऋग्वेद, ब्रह्मांड की उत्पत्ति का वर्णन करता है जिसमें सूर्य, चंद्रमा, ग्रह और पूरे ब्रह्मांड को धारण किए हुए “ब्रह्म अंड “(Cosmic-Egg)  केवल एक बिन्दु से शुरू होकर फिर से विलीन हो जाता है। अनंत के विषय में हिंदुओं की धारणा अब तक का सबसे उद्दात और कालातीत सिद्धान्त बना हुआ है।

लगभग 287-212 ईसा पूर्व यूनानी गणितज्ञ और आविष्कारक आर्किमिडीज ने आर्किमिडीज सिद्धांत का प्रतिपादन किया। 5वीं शताब्दी ईसा पूर्व से लेकर कई महान ग्रीक वैज्ञानिकों जैसे कि Anaxagoras, Leucippus और Democritus, अरिस्टोटल, हेराक्लाइड्स, Eratosthenes, Aristarchus, हिप्पर्चस इत्यादि ने अणु, पृथ्वी और सूर्य के संबंध में कई सिद्धांता प्रस्तुत किए। इन वैज्ञानिकों की खोजों पर चलकर बाद में भौतिक विज्ञान के कई नियम और सिद्धांता बनाए गए।

  • मध्य काल के फ़िज़िक्स के वैज्ञानिक –

5 वीं शताब्दी में भारतीय खगोलविद और गणितज्ञ आर्यभट्ट ने यह सिद्धान्त दिया कि पृथ्वी सूर्य के चारों ओर अंडाकार कक्षाओं में घूमती है तथा अपनी धुरी पर भी घूमती रहती है।

6वीं शताब्दी इसवीं में अलेक्जेंड्रिया के ईसाई दार्शनिक जॉन फिलोपोनस ने सबसे पहले तर्क दिया कि ब्रह्मांड कि शुरुआत हुई है। इसे अनंत काल से समय में स्थित नहीं माना जा सकता है।

7 वीं शताब्दी में भारतीय खगोलविद ब्रह्मगुप्त ने सबसे पहले अपनी 628 इसवीं में लिखी गयी पुस्तक ब्राह्मस्फुटसिद्धांत में गुरुत्वाकर्षण के बल को सूर्य और पृथ्वी के बीच एक आकर्षण के बल के रूप में मान्यता दी है।

1543 में निकोलस कॉपरनिकस ने प्रस्ताव दिया  कि पृथ्वी प्रतिदिन एक बार अपनी धुरी पर घूमती है और एक वर्ष में एक बार सूर्य के चारों ओर यात्रा करती है। कोपरनिकन सिद्धांतों ने Cosmology को एक विज्ञान के रूप में स्थापित किया।

  • आधुनिक काल के फ़िज़िक्स के वैज्ञानिक –

1605 – जर्मन गणितज्ञ और खगोलविद जोहान्स केप्लर ने प्लैनेटरी मोशन के अपने सिद्धान्त दिये जिनमें सिद्ध किया कि ग्रह सूर्य के चारों ओर elliptical पथ का पालन करते हैं न कि circular पथ का।1610 में इतालवी गणितज्ञ और भौतिक विज्ञानी गैलीलियो गैलीलि ने एक खगोलीय दूरबीन विकसित तथा 1632 में पहली बार सापेक्षता के सिद्धांत का वर्णन भी किया।

1687 में सर आइजैक न्यूटन ने अपने “प्रिंसिपिया” को प्रकाशित किया, जिसमें गति के 3 नियमों और गुरुत्वाकर्षण के कानून का प्रतिपादन भी किया। नील्स बोहर (1885-1962) ने परमाणु के संबंध में आधुनिक सिद्धान्त दिये जिसके अनुसार केंद्र में एक nucleus होता है जिसके चारों ओर घूमते इलेक्ट्रॉन होते हैं।

अल्बर्ट आइंस्टीन (1879-19 55)  का नाम दुनिया के सबसे महान वैज्ञानिकों में आता है।  भौतिकी के तीन महान नियन  सापेक्षता, क्वांटम यांत्रिकी और गुरुत्वाकर्षण संबन्धित अनुसंधान उन्हीं की देन हैं। विचार की मौलिकता लिए इस भौतिक वैज्ञानिक ने यह भी बताया कि अंतरिक्ष और समय अपरिवर्तनीय नहीं हैं।

James Clerk Maxwell (1831-79) – Electromagnetism का सिद्धान्त उनकी देन है। रेडियो, टीवी और रडार जैसी चीजों का विकास उनके सिद्धांतों के कारण ही संभव हो सका।

इनके अतिरिक्त कई अन्य महान वैज्ञानिकों जैसे कि Electromagnetic induction की खोज करने वाले माइकल फैराडे (1791-1867), रेडियोएक्टिविटी की खोज करने वाली मैरी क्यूरी (1867-19 34), रिचर्ड फेनमैन, अर्नेस्ट रदरफोर्ड और antimatter के अस्तित्व को बताने वाले Paul Dirac इत्यादि प्रमुख हैं।

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